Wednesday, December 28, 2011

UPTET: So many TET qualified application forms for 100 Posts : DIET Baghpat UP


शिक्षक भर्ती आवेदन की भरमार से छूटा पसीना
 ( UPTET: So many application forms for 100 Posts : DIET Baghpat)

- बड़ौत (बागपत)। चौधरी चरण सिंह जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान पर अब तक 4162 फार्म आ चुके हैं। आवेदनों की एंट्री और कंप्यूटर में डाटा फीडिंग का कार्य युद्धस्तर पर जारी है। आवेदनों की जांच के लिए अतिरिक्त स्टाफ की मदद ली जा रही है। शासन से डायट को मिली 100 सीटों के सापेक्ष काफी संख्या में आवेदन पहुंच रहे हैं। इस संबंध में बेसिक शिक्षा परिषद द्वारा 20 दिसंबर को जारी की संशोधित विज्ञप्ति के अनुरूप आवेदन भेजे जा रहे हैं। नए नियमों के मुताबिक एक जिले में आवेदन के साथ निर्धारित आवेदन शुल्क के ड्राफ्ट की वास्तविक प्रति और अन्य जिलों में इसकी छाया प्रति लगाई जानी है। प्रवक्ता मुक्तेश्वर शर्मा ने बताया कि नए प्रारूप के मुताबिक जिन जिलों में ड्राफ्ट की छायाप्रति लगाई जा रही वहां आवेदन फार्म में दिए गए कॉलम में वास्तविक ड्राफ्ट की सूचनाएं भरी जानी हैं। रोजना सैकड़ों फार्मो की भरमार के मद्देनजर डाक विभाग ने अतिरिक्त स्टाफ को इस कार्य में लगाया है। डाकपाल ओमवीर सिंह ने बताया कि अभी आवेदनों पहुंचने की संख्या सैकड़ों में हैं, जो अंतिम तिथि तक आते-आते हजारों में पहुंच जाएगी। इसको लेकर विशेष व्यवस्था की गई हैं। डायट प्राचार्य डा. राजकुमार दुबे ने बताया कि फार्मो की तादाद बढ़ने पर प्राथमिक विद्यालयों से अतिरिक्त स्टाप बुलाकर कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करा दिया जाएगा।

निजी संस्थानों के अभ्यर्थी प्रवेश के इंतजार में बड़ौत : बीटीसी 2011 में अंतर्गत निजी संस्थानों में चयनित अभ्यर्थियों अपने प्रवेश की बाट जोह रहे हैं। जनपद के दो निजी संस्थानों की सौ सीटों में से 75 सीटों पर डायट के माध्यम से प्रवेश होना है, मगर इस संबंध में शिक्षा विभाग से कोई आदेश न मिलने के कारण सीटों के आवंटन की प्रक्रिया बाधित है। इससे लेकर अभ्यर्थी खासे परेशान हैं और डायट के चक्कर काटने को मजबूर हैं। विदित रहे बाबू कामता प्रसाद महाविद्यालय को आवंटित 50 में से आधी सीटें प्रबंध कोटे से भरी जानी हैं।
News : Jagran (26.12.11)

Recruitment processes gets Break in UP - Due to Election Code of Conduct

नई नियुक्तियों पर लगा ब्रेक

( Kasturba Girls Schools : Break on New Recruitment, a similar case for selection of PRT through UPTET)

नई नियुक्तियों पर लगा ब्रेक

बेसिक शिक्षा विभाग ने 23 दिसंबर को बा स्कूलों के रिक्त पदों पर नियुक्तियों को विज्ञापन निकाला था, ताकि रिक्त सीटें भरी जा सकें, लेकिन आचार संहिता लगने से इन पर ब्रेक लग गया है।

दो दर्जन से अधिक शिक्षकों ने पास की टीईटी की परीक्षा

नए साल में बॉ स्कूलों में स्टाफ का हो सकता है टोटा
किया परिषदीय विद्यालयों में तैनाती को आवेदन
बदायूं। कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों का स्टाफ नए साल में कम हो सकता है। दो दर्जन से अधिक शिक्षक-शिक्षिकाओं ने शिक्षक पात्रता परीक्षा पास कर ली है। इन्होंने परिषदीय विद्यालयों में निकली रिक्तियों को आवेदन किया है।
मालूम हो कि जिले में बॉ स्कूलों की संख्या प्रदेश में सबसे अधिक है। 21 बॉ स्कूलों में 315 सदस्यीय स्टाफ तैनात है। इसमें वार्डेन, फुल-पार्ट टाइम शिक्षिकाएं, लेखाकार, चौकीदार, रसोइया शामिल हैं। महिला शिक्षकों की संख्या पहले ही कम है। इसके लिए बेसिक शिक्षा विभाग ने रिक्तियां निकाली हैं, लेकिन अब समस्या टीईटी पास करने वाले शिक्षिकाओं के परिषदीय विद्यालयों में तैनाती होने से पैदा हो सकती है। सूत्रों का कहना है कि बा स्कूल स्टाफ को समय से मानदेय आदि नहीं मिलने से उनका मोहभंग हो रहा है। साथ ही मानदेय भी कम है, जबकि योग्यता प्रशिक्षित स्नातक है। इसलिए वह परिषदीय विद्यालयों को निकली रिक्तियों को आवेदन किए हैं। इससे स्टाफ का संकट पड़ सकता है।
News : Amar Ujala (28.12.11)

UPTET - Gaziabad/Panchshhelnagar : 13000 Applications against 12-12 Vacancies

कैसे हो सीटों का बंटवारा

(UPTET - Gaziabad/Panchshhelnagar : 13000 Applications against 12-12 Vacancies)

हापुड़, राउसं। विशिष्ट बीटीसी के लिए सीटों का बंटवारा किया गया है। लेकिन दुर्भाग्य है कि गाजियाबाद और पंचशीलनगर के संयुक्तखाते में मात्र 12 सीटें ही आर्इं है। आरक्षण नियमों के चलते इन सीमित सीटों पर प्रवेश कराना आवेदकों के साथ-साथ डायट के लिए भी टेढ़ी खीर साबित होगा। ऐसे में प्रवेश के दौरान इस पर सवालियां निशान उठना भी लाजिमी होगा।
टी0ई0टी0 परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद आवेदकों का विभिन्न जनपदों में आवेदन जारी है। सभी जनपदों मेंं आवेदन की छूट के बाद आवेदकों द्वारा लगभग हर जनपद में आवेदन किया गया है। हापुड़ डायट की बात करें तो यहां गाजियाबाद व पंचशीलनगर की 12 सीटों पर प्रवेश के लिए 13 हजार से अधिक आवेदन आ चुके है। इतनी कम सीटों पर आरक्षण के आधार पर प्रवेश करना डायट के लिए भी टेढ़ी खीर साबित होगा।
दरअसल इन सीटों को पचास प्रतिशत महिला, पचास प्रतिशत पुरूष में बांटा जाएगा। इनमें से 50-50 प्रतिशत कला और विज्ञान वर्ग में बांटा जाएगा जिनमें 50 प्रतिशत अनारक्षित रखते हुए 27 प्रतिशत ओबीसी, 21 प्रतिशत एससी व दो प्रतिशत एसटी कोटे को दिया जाएगा। ऐसे में इतनी कम सीटों पर विकलांग आदि कम प्रतिशत वाले कोटे को आरक्षण देना मुमकिन ही नही होगा। डायट प्रशासन द्वारा अभी से इस पर विचार करना शुरू कर दिया गया है कि आखिर सीटों को किस प्रकार बांटा जाए।
News : Rashtriyaujala.com Epaper (27.12.11)

Due to Code of Conduct, DIET U.P Cancell interview /selection process


साक्षात्कार निरस्त होनेे पर भड़के अभ्यर्थी

UPTET : This news have some connection with UPTET, See News -

आजमगढ़। व्यवसायिक अनुदेशक नेशनल प्रोग्राम फार एजुकेशन आफ गर्ल्स की भर्ती जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी द्वारा आचार संहित लगने के कारण निरस्त कर दिए जाने से मंगलवार को डायट पर इंटरव्यू देने आए अभ्यर्थी भड़क गए। इस दौरान उन्होंने जमकर नारेबाजी की।
मंगलवार की सुबह दस बजे डायट पर व्यवसायिक अनुदेशक एनपीईजीटीएल की भर्ती के लिए साक्षात्कार देने आए अभ्यर्थियों को जब पता चला कि भर्ती को आचार संहित लगने कारण निरस्त कर दिया गया है, तो वे भड़क गए। उनका कहना था कि दि जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को पहले से मालूम था कि आचार संहिता लगने के बाद साक्षात्कार नहीं लिया जा सकता। तो उन्हें पहले ही इसे निरस्त करना चाहिए था। अभ्यर्थियाें ने आरोप लगाते हुए कहा कि बीएसए गोपनीय तौर पर अपने चहेतों का साक्षात्कार लेना चाहते थे। लगभग 12 बजे तक किसी अधिकारी के वहां न पहुंचने पर अभ्यर्थी वहां से लौट गए।
News : Amar Ujala (28.12.11)
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Candidates blaming on DIET, saying when DIET already know that Selection Process/Interview can not be taken due to Election Code of Conduct, then Why it is  not inform to candidate/Cancellation earlier.

Tuesday, December 27, 2011

UPTET : Primary Teacher Application U.P not require to submit again, See news below


नहीं करना होगा दोबारा आवेदन

UPTET : Primary Teacher Application not require to submit again, See news below -

इलाहाबाद, 26 दिसंबर (जाका) : शासन ने टीईटी के ऐसे अभ्यर्थियों को, जिन्होंने हाई कोर्ट के 12 दिसंबर के आदेश के बाद और शासन द्वारा 20 दिसंबर को जारी संशोधित विज्ञप्ति के पहले कई जिलों में आवेदन कर दिया था, बड़ी राहत दी है। ऐसे अभ्यर्थियों को अब दोबारा आवेदन नहीं करना होगा। ऐसे अभ्यर्थियों को उस आवेदन पत्र व रजिस्ट्री/स्पीडपोस्ट की छाया प्रति एक प्रार्थना पत्र के साथ भेजना है जहां डीडी की मूल प्रति लगाई है। दरअसल, बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा 30 नवंबर को प्राथमिक विद्यालयों में सहायक अध्यापकों के 72,825 पदों पर आवेदन मांगे गए थे। विज्ञप्ति में अभ्यर्थियों को पांच जिलों से आवेदन की छूट दी गई थी। पांच जिलों से आवेदन को इलाहाबाद हाई कोर्ट में चुनौती दी गई। हाई कोर्ट ने 12 दिसंबर को पांच जिलों से आवेदन करने के विकल्प को रद कर दिया। बेसिक शिक्षा विभाग ने 20 दिसंबर को संशोधित विज्ञप्ति जारी की, जिसमें ऐच्छिक जनपदों से आवेदन करने की छूट दी गई, साथ ही कहा गया कि डीडी की मूल प्रति जिस जिले में लगाई गई हो उसके आवेदन पत्र व रजिस्ट्री-स्पीडपोस्ट की छाया प्रति भी अन्य जिलों में किए जा रहे आवेदन पत्रों के साथ लगाई जाए। समस्या यह हो गई कि हाईकोर्ट के आदेश के बाद प्रदेश में हजारों अभ्यर्थियों ने केवल डीडी की मूल प्रति की फोटोकॉपी लगाकर मनचाहे जिलों में आवेदन कर दिया। 20 दिसंबर को जारी संशोधित विज्ञप्ति में डीडी की मूल प्रति के साथ आवेदन पत्र व रजिस्ट्री-स्पीडपोस्ट की भी छाया प्रति लगाने को कहा गयाइससे आवेदन कर चुके अभ्यर्थी ऊहापोह की स्थिति में आ गए। कई अभ्यर्थियों ने संशोधित विज्ञप्ति के अनुसार फिर से आवेदन कर दिया है। इस संबंध में निदेशक, बेसिक शिक्षा दिनेश चंद्र कनौजिया का कहना है कि जो अभ्यर्थी आवेदन के साथ केवल डीडी की मूल प्रति लगाए हैं उन्हें दोबारा आवेदन नहीं करना होगा। उस आवेदन पत्र व रजिस्ट्री-स्पीडपोस्ट की छाया प्रति एक प्रार्थना पत्र के साथ भेजना है जहां उन्होंने डीडी की मूल प्रति लगाई है
News : Jagran (27.12.2011)

UPTET : Crowd of candidates in Post office to Submit Primary Teacher Application in U.P


शिक्षक भर्ती आवेदन के लिए डाकघरों में उमड़ी भीड़
( UPTET : Crowd of candidates in Post office to Submit Primary Teacher Application in U.P )

 लखनऊ, 26 दिसंबर (जागरण संवाददाता): शिक्षक भर्ती आवेदन के लिए डाकघरों में इधर अभ्यर्थियों की भारी भीड़ है। हालात यह हैं कि राजधानी में डाकघरों से प्रतिदिन करीब 25 हजार अभ्यर्थी स्पीड पोस्ट से अपना आवेदन भेज रहे हैं। वरिष्ठ डाक अधीक्षक लखनऊ मंडल आरके मिश्र ने बताया कि शिक्षक भर्ती आवेदन के लिए जीपीओ, न्यू हैदराबाद, निरालानगर, चौक, अमीनाबाद, अलीगंज, महानगर, गोमतीनगर, इन्दिरानगर, एलडीए कानपुर रोड प्रमुख डाकघरों में भीड़ के कारण अतिरिक्त काउंटर खोले गए हैं। राजधानी में शिक्षक भर्ती के लिए अब तक 2.5 लाख से अधिक स्पीड पोस्ट पत्र प्राप्त हुए हैं।
News : Jagran (27.12.11)

UP Board under severe problems for TET marks correction & petitions in highcourt


याचिकाओं के जवाब में हलकान यूपी बोर्ड
( UP Board under severe problems for TET marks correction & petitions in highcourt)

वरिष्ठ संवाददाता, इलाहाबाद : शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) की विसंगतियों को लेकर हाईकोर्ट में दायर याचिकाओं ने यूपी बोर्ड के अधिकारियों के लिए मुसीबत पैदा कर दी है। अब तक 75 से अधिक याचिकाएं दाखिल हो चुकी हैं। बोर्ड को हर दिन औसतन पांच याचिकाएं जवाब बनाने को मिल रहीं हैं। नतीजा, बोर्ड की परीक्षाओं का काम पिछड़ रहा है। एशिया का सबसे बड़ा बोर्ड, 65 लाख परीक्षार्थी। हर साल 10 लाख के औसत से हाईस्कूल-इंटरमीडिएट परीक्षार्थियों की बढ़ती संख्या। काम बढ़ा और कर्मचारी घटे। ऐसे ही हालात में बेसिक शिक्षा परिषद द्वारा संचालित प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालयों में सहायक अध्यापकों के चयन के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा अनिवार्य कर दी गई। प्रदेश में पहली बार होने वाली इस परीक्षा की जिम्मेदारी शासन ने माध्यमिक शिक्षा परिषद को सौंपी। कम समय में 12 लाख अभ्यर्थियों की इस परीक्षा को कराना यूपी बोर्ड के लिए बड़ी चुनौती साबित हुई। आरोप लगा कि जो बोर्ड खुद हाईस्कूल-इंटरमीडिएट परीक्षा को नकल विहीन नहीं करा पाता है, वह सीधे नौकरी से जुड़ी इस परीक्षा को कैसे करा पाएगा। बहरहाल रोते-धोते बोर्ड ने परीक्षा तो किसी तरह करा ली, पर विशेषज्ञों ने कई प्रश्न गलत पूछ लिए। इसके अलावा बोर्ड द्वारा जारी उत्तरमाला में भी कई विकल्पों के अलग-अलग उत्तर दिए गए। हजारों अभ्यर्थियों के नाम और अनुक्रमांक गलत हो गए, परीक्षा छूट गई। पांच बार बोर्ड ने उत्तरों को भी संशोधित किया। ऐसे में जिन अभ्यर्थियों के आवेदन पत्रों पर विचार नहीं किया गया, वे हाईकोर्ट की शरण में पहुंच गए। देखते ही देखते टीईटी को लेकर अबतक हाईकोर्ट में लगभग 75 याचिकाएं दाखिल हो चुकी हैं। सैकड़ों अभ्यर्थियों की याचिकाओं को इकट्ठा कर दिया गया है। ऐसे में बोर्ड के अधिकारियों व महत्वपूर्ण काम देख रहे बाबुओं का सारा समय याचिकाओं का जवाब देने में ही बीत रहा है। यूपी बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी बुरी तरह से प्रभावित हो गई है। स्थिति यह है कि अभी भी प्रदेश दो तिहाई से अधिक मंडलों से परीक्षा केंद्रो की जानकारी ही नहीं आ पाई है। यूपी बोर्ड ने इंटरमीडिएट प्रैक्टिकल की तिथि भी घोषित कर दी है। प्रैक्टिकल परीक्षा 16 जनवरी से शुरू होने हैं। केंद्रों की सूची न मिलने के कारण अनुक्रमांक और चरणवार कार्यक्रम का काम ठप सा है। हालांकि, माध्यमिक शिक्षा परिषद की सचिव प्रभा त्रिपाठी बोर्ड परीक्षा की तैयारियों को धीमा नहीं मानतीं। उनका कहना है कि बोर्ड परीक्षा की सभी तैयारियां समय पर हो जाएंगी। News : Jagran epaper (27.12.11)
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So many candidates file writ petition in Allahabad Highcourt, Many petitions are clubbed for similar complaints. UP Board dept. most of the time engaged in making replies for petitions and therefore UP. Board Exam work geting delayed.

U.P TET - 10000 objections on UPTET Result and Fifty thousand objection can be possible in coming days


टीईटी परिणाम पर 10 हजार आपत्तियां
 (10000 objections on UPTET Result)

अमर उजाला ब्यूरो इलाहाबाद। शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) परिणाम को लेकर प्रदेशभर से 10 हजार अभ्यर्थियों ने नए सिरे से आपत्तियां दाखिल की हैं। रविवार को परिणाम में सुधार के बाद अभ्यर्थियों में यह उम्मीद जगी है कि अभी और संशोधन हो सकता है। सोमवार को आपत्तियों के साथ आवेदन के लिए बोर्ड दफ्तर में भारी हुजूम उमड़ा। ज्यादातर अभ्यर्थियों की आपत्ति थी कि उनके पांच से सात अंक कम हैं और बोर्ड ठीक से आंसरशीट चेक कराए तो नंबर बढ़ सकते हैं। सौ से अधिक अभ्यर्थियों की आपत्ति काउंटिंग को लेकर है। उनका दावा है कि बोर्ड से जारी संशोधित आंसरशीट के हिसाब से उन्हें जितने अंक मिलने चाहिए, उससे पांच-सात अंक कम मिले हैं। अंक कम होने से उनकी मेरिट प्रभावित हो सकती है। अभ्यर्थियों का दावा है कि उनकी ओएमआर की फिर से जांच कराई जाए और नए सिरे से काउंटिंग कराई जाए तो उनके अंक बढ़ने तय हैं। हाईकोर्ट के आदेश पर संशोधन के लिए सोमवार शाम तक लगभग दस हजार आवेदन पहुंच गए हैं। परिणाम पर आपत्ति के लिए अभी पांच दिन शेष हैं। बोर्ड कर्मचारियों का कहना है कि जिस तेजी से आवेदन बढ़े हैं, 50 हजार से अधिक आपत्तियों की संभावना है। एक जनवरी के बाद उन सब पर विचार और संशोधन आसान नहीं होगा। •अभी पांच दिन और होने हैं सुधार के लिए आवेदन, स्क्रूटनी टीम की बढ़ी मुश्किलें
News : http://epaper.amarujala.com/svww_zoomart.php?Artname=20111227a_002174004&ileft=464&itop=1249&zoomRatio=143&AN=20111227a_002174004
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Number of Constable Posts increased from 48000 to 90000 in Central Security Forces - CISF,ITBP,BSF etc


अब 90 हजार पदों पर केंद्रीय सिपाहियों की भर्ती
(Number of Constable Posts increased from 48000 to 90000 in Central Security Forces - CISF,ITBP,BSF etc. , Exam conducted through SSC)

For exam notification details Visit - http://sarkari-damad.blogspot.com/2011/12/42422-constable-vacancy-ssc-last-date.html ( Last Date to Apply 02-Jan-2011 for Part-I which is MUST, Last Date to Apply 07-Jan-2011 for Part-2)

इलाहाबाद। केन्द्रीय सुरक्षा बलों में सिपाही भर्ती के लिए कर्मचारी चयन आयोग की ओर से पूर्व में घोषित 48 हजार पदों को बढ़ाकर 90 हजार कर दिया गया है। इसके साथ ही आयोग ने सिपाही भर्ती परीक्षा को अब हिन्दी, अंग्रेजी के साथ एक क्षेत्रीय भाषा में कराने का फैसला किया है।

UPTET : Due to Election , Breaking Dreams to Become Teacher in U.P


चुनाव में खुली आंख, टूटा मास्साब बनने का सपना

(UPTET : Due to Election , Breaking Dreams to Become Teacher)

प्रतापगढ़। चुनावी शोर में आंख खुल गई। मिडिल स्कूल में मास्टर बनने का सपना बीच में ही टूट गया। टीईटी पास करने के बाद नौकरी की बाट जोह रहे अभ्यर्थियों के साथ कुछ ऐसा ही हुआ है। आचार संहिता के कारण चालू सत्र में उनकी नियुक्ति की आस टूट गई है। प्राइमरी स्कूलों में चयन प्रक्रिया जारी होने के कारण उसके दावेदार अभी खुश हैं। कक्षा छह से आठ तक के बच्चों को पढ़ाने वाले अध्यापकों के सूबे में 26 हजार पद रिक्त हैं। जिले में शिक्षक पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण सवा छह हजार अभ्यर्थी इन पदों पर अपनी नियुक्ति की आस लगाए थे। शासन ने प्राइमरी स्कूलों में तैनाती के लिए चयन प्रक्रिया तो प्रारंभ कर दी लेकिन जूनियर स्कूलों में नियुक्ति के लिए चयन प्रक्रिया प्रारंभ नहीं हो पाया। अभ्यर्थी चाहते थे कि जूनियर स्कूलोें में भी नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू हो जाए। इसके लिए उन्होेंने प्रयास भी किया लेकिन अचानक चुनाव की घोषणा हो जाने के कारण काम बीच में ही रुक गया। विधान सभा के बाद नगर निकाय चुनाव होने हैं। ऐसे में महीनों इंतजार करना पड़ सकता है। तब तक नए टीईटी का समय आ जाएगा। नए अर्ह अभ्यर्थियों के चयनित होने पर दावेदारों की संख्या बढ़ जाएगी
News : Amar Ujala (27.12.11)
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For Upper Praimary Teacher Jobs, Candidates may have to wait for several months, and it may possible New TET exam may conduct, And several new Candidates makes competition tough.

UPTET : Mistakes corrected, Merit changed


गलतियां सुधारीं, मेरिट में हुआ संशोधन

(UPTET : Mistakes corrected, Merit changed)
इलाहाबाद। शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) के पूर्व में जारी रिजल्ट के आधार पर जिन अभ्यर्थियों ने शिक्षक चयन के लिए आवेदन किया है, उन्हें नए सिरे से यूपीटीईटी की वेबसाइट देख लेनी चाहिए। हाईकोर्ट के निर्देश पर माध्यमिक क्षिा परिषद ने नए सिरे से आंसरशीट चेक कराई है और जिन सवालों पर आपत्तियां की जा रही थीं, उन्हें ठीक कराया है। बोर्ड की तरफ से जारी संशोधित परिणाम में ज्यादातर अभ्यर्थियों के नंबर बदले हैं। बड़ी संख्या में ऐसे अभ्यर्थी जिन्होंने आपत्ति नहीं की थी, उनके भी अंक बढ़े हैं। एक दूसरे से जानकारी मिलने पर रविवार को अभ्यर्थियों ने वेबसाइट चेक किया तो पता चला ज्यादातर के सात से आठ अंक बढ़ गए हैं। बिना आपत्ति के नंबर बढ़ने से हैरान अभ्यर्थी अब इस बात को लेकर परेशान हैं कि आवेदन में नई मार्कशीट कैसे जोड़ें।
दरअसल जिन अभ्यर्थियों ने परीक्षा परिणाम पर आपत्ति नहीं की थी, उन्होंने पहले से वेबसाइट पर पड़े अंकपत्र के आधार पर आवेदन कर दिया था। अब नंबर बढ़ने के बाद अभ्यर्थियों को यह भय सता रहा है कि मेरिट बढ़ जाएगी। ऐसे में यदि अभ्यर्थी संशोधन के बाद जारी अंकपत्र नहीं लगाते हैं तो उनका नुकसान हो सकता है। यदि अभ्यर्थी नए सिरे से फॉर्म भेजते हैं तो एक ही जिले में दो आवेदन के कारण फॉर्म रद्द भी हो सकते हैं। परिणाम संशोधन के बाद हुई इस परेशानी का तोड़ फिलहाल विभागीय अधिकारियों के पास भी नहीं है।
चयन प्रक्रिया से जुड़े सर्व शिक्षा अभियान के अधिकारियों का कहना है कि हाईकोर्ट के निर्देश पर फिलहाल एक जनवरी तक आपत्तियां ली जानी हैं। उनकी जांच के बाद फिर से रिजल्ट संशोधित होगा। उसके बाद नए परिणाम को लेकर बेसिक शिक्षा विभाग की बैठक होगी जिसमें संशोधित परिणाम पर कुछ नया फैसला हो सकता है। सह समन्वयक शिक्षा अधिकारी वीके अस्थाना ने बताया कि काउंसलिंग में संशोधित परिणाम ही देखा जाएगा
News : Amar Ujala ( 26.12.11) 
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However last update displayed on uptet2011.com website is on 24-12-11 (for some candidates) , its details can be see here  - UPTET updated result 24-December-2011
OR see our earlier posts.
VISIT uptet2011.com to see updated result  - http://uptet2011.com/

Monday, December 26, 2011

UPTET : Allahabad Highcourt Judgement on Wrong displaying of TET result Uttar Pradesh


UPTET : Allahabad Highcourt Judgement on Wrong displaying of TET result on its website


HIGH COURT OF JUDICATURE AT ALLAHABAD, LUCKNOW BENCH
?Court No. - 24

Case :- MISC. SINGLE No. - 7637 of 2011

Petitioner :- Dharmendra Kumar Singh
Respondent :- State Of U.P. Through Secy. Madhyamik Shiksha And Ors.
Petitioner Counsel :- Jai Pal Singh
Respondent Counsel :- C.S.C.

Hon'ble Rajiv Sharma,J.
Heard Mr. Jai Pal Singh, learned Counsel for the petitioner and Mr. Vinay Bhushan, learned Standing Counsel.
Learned Counsel for the petitioner submits that after completion of B.Ed., the petitioner applied for Teacher Eligibility Test which was held on 13.11.2011. The petitioner's result has been declared on the Internet as 'ABS' which means 'Absent', whereas he appeared in the said test. The last date for submission of applications for Teachers Training is 19.12.2011 and due to non-declaration of result, the petitioner is suffering a lot. Being aggrieved, he moved representations� to the authorities concerned for declaring his result, but no action has been taken.
After arguing the matter at length, learned Counsel for the petitioner submits that interest of justice would suffice, if the opposite parties are directed to decide the representations, expeditiously, to which learned Standing Counsel has no objection.
Accordingly, the authority concerned is directed to look into the matter and pass appropriate orders on the representations, in accordance with law, expeditiously.
The writ petition stands disposed of finally in above terms.
Order Date :- 15.12.2011

Information Source : http://elegalix.allahabadhighcourt.in/elegalix/WebShowJudgment.do?judgmentID=1580533

UPTET : Allahabad Highcourt - BTC Candidates who oppose TET test in Uttar Pradesh


UPTET : Allahabad Highcourt - BTC Candidates who oppose TET test,  petition dismissed


HIGH COURT OF JUDICATURE AT ALLAHABAD
?Court No. - 27
Case :- WRIT - A No. - 70380 of 2011
Petitioner :- Manju Lata & Others
Respondent :- State Of U.P. & Others
Petitioner Counsel :- Rakesh Kumar Mathur,Smt. Swarn Lata Suman
Respondent Counsel :- C.S.C.,A.S.G.I. (2011/2421),R.A. Akhtar
Hon'ble Abhinava Upadhya,J.
Heard learned counsel for the petitioners and learned counsel for the respondents Sri Hardev Singh.
By means of this writ petition, the petitioner has challenged the notification dated 7.9.2011 by which all the candidates who are desirous of appointment on the post of Assistant Teacher in Primary Schools have necessarily to undergo a test which is termed as 'Teachers Eligibility Test'. According to the petitioner, he has already undergone a training under B.T.C. of 2008. The petitioner claims that the Act, that is, Right of Children to Free and Compulsory Education Act, 2009 which prescribes the minimum qualification, does not itself prescribe any such essential condition that a candidate has to qualify 'Teachers Eligibility Test' and , therefore, the said Government Order is against law and liable to be quashed. Learned counsel for the respondents, however, has pointed out that several writ petitions relating to the same subject have been filed before this Court and have been dismissed by learned Single Judge of this Court by judgment dated 11.11.2011 and the controversy has now been settled and learned Single Judge has held that the minimum qualification as prescribed by the National Council for Teacher Education vide its notification dated 23.8.2011 prescribes for 'Teachers Eligibility Test' and , therefore, the petitioners having not applied for 'Teachers Eligibility Test' are not eligible for consideration.
According to the learned counsel for the respondent the case is squarely covered by the decision rendered in leading case of Ravi Prakash & others Vs. State of U.P. & others decided on 11.11.2011.
In view of the above no relief can be granted to the petitioner and the writ petition is accordingly dismissed.
Order Date :- 7.12.2011
VPC

Information Source : http://elegalix.allahabadhighcourt.in/elegalix/WebShowJudgment.do?judgmentID=1562504

UPTET : TET passed Upper Primary Jobs get stucked in UP due to election code of conduct

टीईटी : उच्च प्राथमिक में अटकी नियुक्तियां
(UPTET :  TET passed Upper Primary Jobs get stucked in UP due to election code of conduct)

नए सत्र के पहले नियुक्ति हो पाना मुश्किल
आचार संहिता लागू होने से लंबित पड़ा मामला
इलाहाबाद। यूपी शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) की उच्च प्राथमिक परीक्षा पास करने वाले अभ्यर्थियों के लिए संकट खड़ा हो गया है। चुनाव की घोषणा के बाद आचार संहिता लागू होने से उनकी नियुक्तियों का मामला अटक गया है। शासन अगर आचार संहिता लागू होने के एक दिन पहले भी नियुक्ति को लेकर आदेश जारी कर देता, तो यह मामला लंबित न होता। प्रदेश में टीईटी की उच्च प्राथमिक परीक्षा पास करने वाले 209789 अभ्यर्थी हैं। अधिकारियों के मुताबिक इनकी नियुक्ति नए सत्र से पहले हो पाना मुश्किल है।
प्रदेश में प्राथमिक विद्यालयों में 72,825 पदों पर नियुक्ति के बाद उच्च प्राथमिक विद्यालयों में 25 हजार से अधिक पदों पर नियुक्ति होनी थी। इसीलिए प्रशासन ने प्राथमिक और उच्च प्राथमिक दो स्तरों पर शिक्षक पात्रता परीक्षा करवाई थी। जिसके लिए टीईटी की प्राथमिक स्तर की परीक्षा में कुल 594053 अभ्यर्थी शामिल हुए थे। इनमें से 270806 उत्तीर्ण हुए। इसी तरह उच्च प्राथमिक स्तर की परीक्षा में कुल 519665 अभ्यर्थी शामिल हुए । इनमें से 209789 उत्तीर्ण हुए। प्राथमिक विद्यालयों में नियुक्ति प्रक्रिया पहले से शुरू हो गई थी, इसलिए यहां तो कोई दिक्कत नहीं है। लेकिन उच्च प्राथमिक में शिक्षकों की नियुक्तियों का मामला आचार संहिता लागू होने से अटक गया है। यदि आदेश पहले जारी हो जाते, तो नियुक्तियों पर असर न पड़ता अब चुनाव निपटने के बाद कब नियुक्ति प्रक्रिया शुरू हो सकेगी, इस पर अधिकारी भी चुप्पी साधे हुए हैं।
News : Amar Ujala (26.12.11)
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As per News in Amar Ujala, Primary Teacher recruitment has no problem with Election Code of Conduct in UP, But selection for Upper Primary  Jobs ( may be 26000 jobs going to announce) get stucked as its advertisement not published before election notification announces, And lakhs of Candidates who cleared TET exam have to wait till election completion / new government policies.
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उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा होने के तुरंत बाद मुख्यमंत्री मायावती ने शनिवार को बड़ा फैसला लेते हुए अपनी कैबिनेट के चार मंत्रियों को एक साथ बर्खास्त कर दिया। इनमें उच्च शिक्षा मंत्री राकेश धर त्रिपाठी, कृषि शिक्षा मंत्री राजपाल त्यागी, पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग मंत्री अवधेश वर्मा तथा होमगार्ड मंत्री हरिओम उपाध्याय शामिल हैं।
News : Amar Ujala (26.12.11)

Sunday, December 25, 2011

UPTET : New TET result makes everyone happy


टीईटी के नए रिजल्ट ने बिखेरी मुस्कान
(UPTET : New TET result makes everyone happy)
 
सहारनपुर, जागरण संवाददाता: क्या टीईटी प्रक्रिया पूरी हो सकेगी? आए दिन संशोधित रिजल्ट जारी किए जा रहे है। ऐसे कई सवाल प्रशिक्षु शिक्षकों के आवेदकों को कचोट रहे है हालांकि संशोधित रिजल्ट ने अभ्यर्थियों के चेहरे पर मुस्कान बिखेर दी है और अभ्यर्थी एक बार फिर से मेरिट के गुणा-भाग में जुट गए है।इन दिनों टीइटी रिजल्ट का हाल बेहाल है। पूर्णतया संशोधित रिजल्ट कब आखिरी होगा, कुछ नही कहा जा सकता। माध्यमिक शिक्षा परिषद द्वारा घोषित संशोधित रिजल्ट में अभ्यर्थियों के अंकों में 1 से 6 तक का इजाफा हुआ है। परिषद ने संशोधित परीक्षा परिणाम यूपीटीईटी2011 डाट काम पर जारी किया है। प्राथमिक स्तर की परीक्षा देने वाले यशवीर के 96 से 97 अंक हो गए है जबकि संशोधित रिजल्ट में उसकी जन्मतिथि बदल दी गई। संगीता के 92 से 96, रविन्द्र पुंडीर के 126 से 130, पिंकी के 86 से 90, स्वतंत्र पाल के 81 से 85, धनप्रकाश के 89 से 91, अलका के 87 से 92,राजकुमार के 95 से 97 अंक हो गए है। अभ्यर्थियों में अंक बढ़ने की खुशी है वही यह आशंका भी है कि उनके द्वारा जो फार्म भेज दिए गए है उसमें उनकी स्थिति क्या होगी? इसके लिए अभ्यर्थी अब डायट अधिकारियों से संपर्क करने में लगे है। दूसरी ओर प्रक्रिया पूरी हो सकेगी या नहीं इसे लेकर भी आवेदकों में कशमकश की स्थिति है। कई आवेदक देखो और इंतजार करो की बात कह रहे है जबकि कुछ का कहना है कि चुनाव पूरी प्रक्रिया का डिब्बा गोल कर देगा।कार्यशाला में दी जानकारी
News : Jagran epaper

UPTET : 19000 applied for Primary teacher in Kaushambi district U.P


शिक्षक बनने को 19 हजार ने किए आवेदन

(UPTET : 19000 applied for Primary teacher in Kaushambi district)

मंझनपुर। टीईटी में सफल अभ्यर्थियों को जल्द अध्यापक बनाने की कवायद की जा रही है। अब तक कौशाम्बी में ही 19 हजार से ज्यादा अभ्यर्थी आवेदन कर चुके हैं। आवेदनपत्रों की छंटनी का काम दिनभर शनिवार को डायट में होता रहा। सूबे के प्राथमिक स्कूलों में 72 हजार 825 अध्यापकों की भरती होनी है। इसके तहत कौशाम्बी जिले में भी भरती की जानी है। जिसके लिए टीईटी में सफल अभ्यर्थियों ने अपने आवेदन जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान में भेजना शुरू कर दिया है। शनिवार तक जिले के डायट में करीब 19382 आवेदन पत्र पहुंच चुके थे। डायट के कर्मचारियों को इन आवेदन पत्रों की छंटनी का काम दिया गया। डायट प्राचार्य फुल्लर देवी ने बताया कि इसके बाद अंकों के आधार पर मेरिट बनाकर काउंसलिंग के लिए आवेदकों को बुलाया जाएगा
News : Amar Ujala (25.12.11)

UPTET : Selection for Primary Teacher on the basis of new TET Result U.P


टीईटी के नए परिणाम के आधार पर होगा चयन
(UPTET : Selection for Primary Teacher on the basis of new TET Result)
 
इलाहाबाद : बेसिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में 72,825 प्रशिक्षु अध्यापकों की नियुक्ति शिक्षक पात्रता परीक्षा के संशोधित परिणाम के आधार पर होगी। जिन अभ्यर्थियों ने टीईटी के पुराने अंकपत्र के आधार पर आवेदन किए हैं उन्हें दोबारा आवेदन भी नहीं करना पड़ेगा। माध्यमिक शिक्षा परिषद ने संशोधित परिणाम की सीडी बेसिक शिक्षा विभाग को मुहैया करा दी है। ऐसे में अभ्यर्थियों को उनके बढ़े अंकों का पूरा लाभ मिलेगा।यूपी बोर्ड ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के बाद शिक्षक पात्रता परीक्षा का संशोधित परिणाम गुरुवार को जारी किया था। इसमें प्राथमिक स्तर में एक से छह अंक का व उच्च प्राथमिक स्तर में एक से दस अंकों का लाभ मिला है। किसी के अंक कम नहीं हुए हैं। इसके बाद अभ्यर्थियों को आशंका सताने लगी थी कि कहीं नियुक्ति पुराने परिणाम के आधार पर न कर दिया जाए। बढ़े अंकों का उन्हें लाभ ही न मिले। माध्यमिक शिक्षा परिषद के सभापति संजय मोहन का कहना है कि संशोधित परिणाम की सीडी बेसिक शिक्षा विभाग को पहुंचा दी गई है। हाईकोर्ट के आदेश के बाद संशोधित परिणाम के आधार पर ही प्रशिक्षु अध्यापकों की मेरिट बनेगी।
News : Jagran epaper

UPTET : Revised result in TET makes problem in teacher recruitment UP


टीईटी रिजल्ट संशोधन से शिक्षकों की भरती में पेंच

 (UPTET : Revised result in TET makes problem in teacher recruitment UP)

शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) के रिजल्ट में संशोधन से शिक्षकों की भरती में पेंच फंस गया है। जिन अभ्यर्थियों के नंबर बढ़े हैं, वे पहले से कई जिलों में आवेदन कर चुके हैं। वे दुविधा में हैं कि नए सिरे से आवेदन करें या संशोधित रिजल्ट की जानकारी दें। अभ्यर्थियों को परेशानी से बचाने के लिए शिक्षक भरती से जुड़ी जानकारियां 26 दिसंबर के बाद इंटरनेट पर उपलब्ध कराने की तैयारी है।
प्रदेश में प्राइमरी टीचर्स के 72825 पदों पर भरती की प्रक्रिया चल रही है। पहले आवेदन की अंतिम तिथि 20 दिसंबर तय की गई थी। तब केवल पांच जिलों में आवेदन की छूट दी गई थी। हाईकोर्ट के आदेश के बाद संशोधित विज्ञापन जारी हुआ है। अब अभ्यर्थी नौ जनवरी तक प्रदेश के किसी भी जिले में आवेदन कर सकता है। असल टीईटी के संशोधित रिजल्ट को लेकर आई है। यूपी बोर्ड ने हाईकोर्ट के आदेश के बाद 22 दिसंबर को संशोधित रिजल्ट जारी कर दिया है।

संशोधित रिजल्ट का ब्योरा बेसिक शिक्षा विभाग को दे दिया है। हजारों अभ्यर्थियों के अंकों में बदलाव आ गया है। समस्या यह है कि टीईटी के लिए बड़ी तादाद में आवेदन जमा हो चुके हैं। जिन अभ्यर्थियों के दो-तीन या उससे ज्यादा नंबर बढ़े हैं, वे दुविधा में हैं कि क्या दुबारा आवेदन करें। क्या टीईटी की संशोधित मार्क्सशीट भेजकर काम चल जाएगा। क्या जिला स्तर पर डायट उनके नंबरों का मूल रिजल्ट से सत्यापन करके खुद नंबरों में सुधार कर लिया जाएगा।

बेसिक शिक्षा सचिव अनिल संत का कहना है कि अभ्यर्थियों को संशोधित रिजल्ट के बाद परेशान होने की जरूरत नहीं है। 26 दिसंबर के बाद शिक्षक भरती को लेकर सभी जानकारियां इंटरनेट पर आने वाली हैं सभी आवेदकों का ब्योरा फीड किया जा रहा है। संशोधित रिजल्ट के बाद वहीं आवेदक आशंकित हो सकते हैं, जिन्हें कट आफ के दायरे में नहीं आ रहे हैं। उनकी समस्या भी दूर की जाएगी।
News : Amar Ujala (25.12.11)
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Important Point : All details - How To Apply etc. will be published by UP Education Dept.(as per Basic Education Secratary Anil Sant) on its Website/Internet on 26th December 2011.
Candidates wait for necessary direction  tomarrow and for there doubts -
Reapply with new TET marksheet etc. OR not
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I found many candidates are discussing - Selection will be based on TET marks OR Academic marks.
However it is already decided by Up Edu. Dept. that TET marks are used for selection.
And we have not found any OFFICIAL INFORMATION regarding its change.
Earlier we found a judgement of highcourt, where highcourt have no objection on TET merit based selection and petition oppsing it dismissed.

Generally selection procedure in the middle of recruitment process is difficult to change  (authority/management has many rights but it is rarest to change and may not possible easily) as highcourt already told arbitrary decision in selection process not acceptable.

Saturday, December 24, 2011

UP TET : 400 forged marksheets trapped in Primary Teacher selection in UP

शिक्षक चयन में पकड़े गए चार सौ फर्जी अंक पत्र 
(UPTET : 400 forged marksheets trapped in Primary Teacher selection in UP)

Some UPTET Candidates : TET exam is wrong for Selection of Primary Teacher in UP

टीईटी को लेकर नया बखेड़ा : गुस्साए छात्रों ने किया न्यायालय का रुख
‘परीक्षा को चयन का आधार बनाना गलत’
इलाहाबाद। शिक्षक पात्रता परीक्षा को लेकर नया बखेड़ा खड़ा हो गया है। पात्रता परीक्षा को चयन का आधार बनाए जाने के खिलाफ कई अभ्यर्थी कोर्ट पहुंच गए हैं। अभ्यर्थियों का तर्क है कि देश भर में कहीं भी इस पात्रता परीक्षा की मेरिट को शिक्षक चयन का आधार नहीं बनाया गया।
अभ्यर्थियों ने न्यायालय से अपील की है कि प्रदेश में जिस मजबूरी का हवाला देकर इसे चयन का आधार बनाया गया, वह बाधा भी सरकार ने खत्म कर दी है लिहाजा अब इसकी मेरिट पर चयन नहीं किया जाना चाहिए। इस बारे में एनसीटीई के नियमों, शर्तों का भी हवाला दिया गया है। अगर इस मामले में एनसीटीई के अधिनियमों को आधार बनाया गया तो छात्रों का पक्ष सही साबित होने की पूरी संभावना है और ऐसे में पूरी प्रक्रिया बाधित हो सकती है। टीईटी मेरिट को चयन का आधार बनाने के खिलाफ याचिका ने फिर सांसत में डाल दिया है। अभ्यर्थियों ने एनसीटीई के नियमों के हवाले से ऐसे तर्क रखे हैं जो सरकार को परेशानी में डाल सकते हैं।
अभ्यर्थियों का कहना है कि सरकार ने एनसीटीई की चेतावनी दिखाकर बीएड डिग्रीधारकों को प्राथमिक शिक्षक बनाने के लिए एक समय सीमा तय कर दी थी। प्रचारित किया गया कि 31 दिसंबर तक चयन न किया गया तो बीएड डिग्रीधारक हमेशा के लिए चयन प्रक्रिया से बाहर हो जाएंगे लेकिन एक हफ्ते पहले जारी संशोधन से साफ हो गया कि यह तथ्य गलत था। न्यायालय के निर्देश के बाद सरकार ने जो संशोधन किया, उसमें आवेदन नौ जनवरी तक स्वीकार किए जा रहे हैं।
अभ्यर्थियों ने बात के पक्ष में तर्क रखा है कि तिथि नौ जनवरी तक बढ़ने का आशय है कि 31 दिसंबर की बाध्यता कभी अनिवार्य नहीं थी और यदि तिथि बढ़ सकती थी तो टीईटी मेरिट को चयन का आधार बनाने की मजबूरी नहीं थी।
News : Amar Ujala (24.12.11)
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As per view of many candidates on this blog/POLL SURVEY BY THIS BLOG/NEWS/ earlier HIGHCOURT DECISONS etc.
Follwing question arises -
Question is - Where NCTE said - TET merit can not be used for selection.NCTE specify - TET pass as a qualification criteria to make Quality in education system.
Why so many BTC candidates failed. Is exam faulty ? If UPTET exam faulty, then who are responsible?
And if proved exam was faulty/very hard etc. them it may be reconducted for TET failure etc.
BTC selection is based on MERIT, But still they are UNABLE to secured minimum passing marks
Why many Vishist BTC candidates not gave this exam. 
This UPTET exam common to all candidates, then what is Unfair.(As per poll survey on this blog -
Most of the candidates, who appeared in UPTET exam, voted - TET merit used for selection.
If NCTE said to maintain quality - TET pass necessary then what's wrong to use TET merit for selection.
Many goverment services selects candidates on different-different methods.It depends on authority - How to select candidates.
I felt -
However, If something wrong happens  in TET exam with some candidates on proper grounds then it should be properly treated may be adjust in new vacancies etc.But lakhs of students who already wait for there selection should not affected. And goverment should effectively implement RTE act for poor childerens as early as possible.

Friday, December 23, 2011

UPTET : Allahabad Highcourt - TET Merit for Selection of Primary Teacher Uttar Pradesh


Highcourt : No objection on TET Merit for selection in Primary Teacher (PRT) of UP Edu. Dept.


See judgement
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This is an UNCERTIFIED copy for information/reference. For authentic copy please refer to certified copy only. In case of any mistake, please bring it to the notice of Deputy Registrar(Copying).
HIGH COURT OF JUDICATURE AT ALLAHABAD
Court No. - 33
Case :- WRIT - A No. - 71558 of 2011
Petitioner :- Seeta Ram
Respondent :- State Of U.P. & Others
Petitioner Counsel :- Siddharth Khare, Ashok Khare
Respondent Counsel :- C.S.C., Suresh Singh 

Hon'ble Sudhir Agarwal, J.
1. Heard Sri Ashok Khare, learned Senior Advocate, and perused the record.
2. Petitioner is challenging advertisement dated 29/30.11.2011 as also Rule 14 (3) of U.P. Basic Education (Teachers) Service Rules, 1981 (hereinafter referred to as "Rules, 1981"). It is contended that National Council for Teachers Eduction (hereinafter referred to as "NCTE") provided minimum qualification for appointment on the post of Assistant Teacher in Primary Schools and passing of Teacher Eligibility Test (hereinafter referred to as "TET") conducted by appropriate Government in accordance with the guidelines given by NCTE was made essential qualification. Pursuant thereto the State Government conducted TET on 13.11.2011 result whereof was declared on 25.11.2011. Petitioner passed said test. In the meantime, Rules,1981 were amended by notification dated 9.11.2011 vide U.P. Basic Education (Teachers) Service (Twelfth Amendment) Rules, 2011 which came into force at once. It made amendment in Rules 8, 14, 27 and 29. Rule 8 was with reference to qualifications and Rule 14 with reference to procedure to be followed for recruitment for appointment on the post of Assistant Teacher in Primary Schools. The amendment incorporates TET as a part of essential qualification besides others and Rule 14 (3) provides that a list of the candidates of such persons who appear to possess prescribed academic qualification and eligible for appointment shall be prepared wherein their names shall be arranged in such manner that their names are placed in the descending order on the basis of marks in Teacher Eligibility Test conducted by Government of Uttar Pradesh. Pursuant to the said amendment in the Rules, an advertisement was published on 29/30.11.2011 for selection for appointment to the post of Assistant Teacher in Primary School which is consistent to the said amendment in the Rules. Sri Khare submitted that TET is one of the qualifying examination prescribed by NCTE and the process of such examination commenced before 13.11.2011 pursuant whereto the examination was held on 13.11.2011 and the result was declared on 25.11.2011. For the purpose of making selection and appointment as Assistant Teacher the said qualification cannot be made a basis/foundation particularly considering the process of the said test as it amounts to change of rules of the game when the game has already commenced and in support thereof placed reliance on judgements of this Court in K. Manjusree Vs. State of Andhra Pradesh and another (2008) 3 SCC 512 and Hemani Malhotra Vs. High Court of Delhi (2008) 7 SCC 11.
3. He further submitted that a qualifying test cannot be made sole basis for selection to the post of Assistant Teacher and in this regard placed reliance on a Full Bench Judgement in Uma Shankar Singh & others Vs. Chairman, Public Service Commission (1994) 2 UPLBEC 1412 and Apex Court decision in Andhra Pradesh Public Service Commission Vs. Baloji Badhavath & others (2009) 5 SCC 1.
4. However, I find no force in the submission.
5. The examination held by State Government, i.e. TET, 2011 is pursuant to Regulations framed by NCTE under the provisions of Right to Education Act, 2009 and it only confers a qualification upon a candidate so as to make him eligible to participate in the process of recruitment whenever it commences for appointment to the post of Assistant Teacher. The advertisement dated 29/30.11.2011 is not a commencement of the process of recruitment pursuant to Rules, 1981(as amended) for appointment to the post of Assistant Teacher. Training prescribed therein i.e. six months special training is pre appointment training contemplated under the Regulations framed by NCTE and has nothing to do with the process of recruitment in service. It shall commence with the advertisement published as contemplated in Rule 14 of Rules, 1981. It is in these circumstances, it cannot be said that rules of the game have been changed afterwards inasmuch the two processes cover different fields and operate totally differently.
6. In K. Manjusree (supra) a selection was held but during the process of selection, criteria for selection was changed. It is in these circumstances, the Apex Court said that the Rules of game cannot be changed afterwards i.e. after the interview was over. Similar was the position in Hemani Malhotra (supra) and both the judgements, therefore, have no application to the facts of this case.
7. In Uma Shankar Singh (Supra), it was clearly prescribed that the preliminary examination is a mere screening test and that being so this Court held that it cannot be included for the purpose of final examination. The judgement has no application to the present case.
8. In Baloji Badhavath (supra), it was held that a procedure evolved for laying down mode and manner for consideration of a right to be considered for appointment can be interfered with only when it is arbitrary, discriminatory or wholly unfair, which learned counsel for petitioner failed to prove in the case in hand and, therefore, reliance placed thereon is totally misconceived.
9. So far as making of qualifying examination basis of selection is concerned, it is always permissible to the rules framing authority to determine the criteria for selection which may base on the merits of the candidate possessed in various academic qualifications or qualifying test or any other criteria which may otherwise be valid and once it is so determined, unless it can be said that the same amendment in the rule is contrary to any statutory provision or otherwise ultra vires or vitiated in law, the same cannot be interfered.
10. In the result, writ petition lacks merit. Dismissed.
Dt. 12.12.2011
PS
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Can a court turndown its OWN JUDGMENT ? or Can UP Edu. Dept. change the matter in midway of selection process ? ,
If channge in mid way then - According to court - Unfair , Arbitrary practice is unacceptable.

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However authority have many rights but it is very less likely chances to SELECTION PROCEDURE.

If any of visitors having more information , Kindly UPDATE through comment.

UP TET : Entire TET Result / Marks Changed in Teacher Eligibility Test/Exam


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बदला यूपी टीईटी का पूरा परिणाम

(UPTET : Entire TET Result / Marks Changed )

वरिष्ठ संवाददाता, इलाहाबाद : माध्यमिक शिक्षा परिषद ने हाईकोर्ट के आदेश के बाद शिक्षक पात्रता परीक्षा का परिणाम गुरुवार को संशोधित कर दिया है। इस संशोधन से पूरा परीक्षा परिणाम प्रभावित हुआ हैप्राथमिक स्तर में अभ्यर्थियों को 1 से 6 अंकों का फायदा पहुंचा है, जबकि उच्च प्राथमिक स्तर में 1 से 10 अंकों का लाभ हुआ है। इस संशोधन से किसी भी अभ्यर्थी को अंकों का नुकसान नहीं हुआ है। परिषद ने संशोधित परीक्षा परिणाम यूपीटीईटी2011.कॉम पर अपलोड कर दिया है
हाईकोर्ट ने टीईटी के घोषित परिणाम में अभ्यर्थियों की आपत्तियों के निस्तारण का विगत 17 दिसंबर को यूपी बोर्ड को निर्देश दिया था। न्यायालय ने कहा था कि अभ्यर्थी मात्र 100 रुपये प्रोसेस फीस देकर अपनी शिकायत 15 दिनों में दर्ज कराएं। न्यायालय ने स्पष्ट किया था कि पूर्व में सफल अभ्यर्थियों के चयन पर इसका प्रभाव नहीं पड़ेगा परंतु अंक बढ़ने पर उसका लाभ अवश्य मिलेगा
यही नहीं न्यायालय ने निर्देश दिया था कि बी सीरीज के प्रश्न संख्या 125 के उत्तर में विकल्प बी व सी दोनों सही हैं, इसलिए दोनों विकल्पों पर अंक दिया जाएं। बी सीरीज के प्रश्न संख्या 142 पर ए व डी विकल्प चुनने वालों को भी अंक दिए जाएं। बोर्ड सूत्रों के मुताबिक अभी तक आई सभी आपत्तियों को निस्तारित कर दिया गया है। इसमें से प्राथमिक स्तर में 3 प्रश्न ऐसे हैं जो गलत थे। इसके अलावा पांच प्रश्नों के विकल्प को बोर्ड ने बाद में बदला था। इसमें से दो कॉमन थे। हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन में बोर्ड ने कुल छह प्रश्नों के एवज में अभ्यर्थियों को अंक दिए हैं। इसी तरह उच्च प्राथमिक में कुल 10 प्रश्नों के विकल्प को बोर्ड ने बदला था, जिसके एवज में सभी अभ्यर्थियों को 1 से 10 अंकों का फायदा हुआ है।
माध्यमिक शिक्षा परिषद के निदेशक संजय मोहन ने का कहना है कि यह अंतिम परिणाम है। इसके बाद कोई संशोधन नहीं किया जाएगा। अब अभ्यर्थियों द्वारा मिल रहीं आपत्तियां निस्तारण के लायक नहीं हैं। लिहाजा अब किसी संशोधन की गुंजाइश नहीं है। हालांकि उन्होंने कहा कि अभ्यर्थियों से एक जनवरी तक आपत्तियां स्वीकार की जाएंगीं।
News : Jagran (23.12.11)
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To See Updated Result/ Information, Visit - Click Here

Thursday, December 22, 2011

Breaking / Latest /Updated News UPTET (Uttar Pradesh Teacher Eligibility Test ) Result - All Candidates Result in TET is revised


Breaking / Latest /Updated News UPTET (Uttar Pradesh Teacher  Eligibility Test ) Result - All Candidates Result in TET is revised

Almost all candidates marks affected with new revised UPTET result displayed on uptet2011.com

Many candidates see increasement in marks.

Please give your openion/result update.
Are you satisfied with this result OR not ?

To see result for PRT test in TET - Click here
To see result for Upper Primary Teacher in TET - click here
*********************************************Highcourt said -
If a candidate has already been declared successful on the basis of answers to respective questions in which options have now have been altered by the Board, and, on the basis of awarding of such marks he has been declared successful it would be unjust to declare him unsuccessful now if due to deduction of marks of such questions, the total marks secured by him earlier become lower than the prescribed pass marks. In my view the revised opinion of the Board in respect of such questions should not affect the result of candidates who have already been declared successful and they should remain untouched.

Therefore it might be possible, no candidate see deduction of marks OR failed , if earlier he/she passed.

If any of you having some more updated information then you can share with us using comment.

UP TET 2011 : Vishist BTC Candidates strike against TET qualifying exam in Uttar Pradesh


अनशन करेंगे विशिष्ट बीटीसी प्रशिक्षणार्थी

(UPTET : Vishist BTC Candidates strike against TET qualifying exam for teacher,before joining to Vishist BTC it was not informed to pass TET exam for primary teacher appointment.)

सिद्धार्थनगर। विशिष्ट बीटीसी वर्ष 2007-08 के प्रशिक्षणार्थियों ने परीक्षा उत्तीर्ण करने के बावजूद अब तक नियुक्ति न किए जाने से खफा होकर आंदोलन का निर्णय लिया है। इसी निमित्त समस्त प्रशिक्षणार्थी 22 दिसंबर को बीएसए कार्यालय पर आमरण अनशन करेंगे।
ये बातें प्रशिक्षणार्थियों ने बुधवार को जिला मुख्यालय पर आयोजित बैठक में कहीं। वक्ताओं ने कहा कि नियमानुसार परीक्षा उत्तीर्ण करने के 21 दिन के अंदर बीएसए द्वारा नियुक्ति कर देनी चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है। बीएसए द्वारा बताया गया कि टीईटी परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद नियुक्त होगी। जबकि पूर्व में ऐसा कोई निर्देश नहीं था। कुछ प्रशिक्षणार्थियों ने टीईटी परीक्षा दी, जबकि कुछ ने नहीं। जिसने परीक्षा दी, उसमें कई उत्तीर्ण और कई अनुत्तीर्ण हुए। वक्ताओं ने कहा कि विशिष्ट बीटीसी प्रशिक्षणार्थियों के साथ अन्याय किया जा रहा है। इसके बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बैठक में विनय प्रकाश मनहर, राजेश कुमार चौधरी, मुकेश कुमार, प्रेमचंद शुक्ल, मोहर सिंह, अरविंद कुमार, सुमन साहनी, हेमलता शर्मा, अंशुका चौधरी सहित कई लोग मौजूद रहे।
News : Amar Ujala ( 22.12.11)
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Some Vishist BTC candidates failed in UPTET exam, and some have not given this exam.

Breaking News / Latest Update - UPTET : Again Objection arises on four Questions/Answers in Teacher Eligibility Test (TET) UP, Answer Key again going to change

टीईटी के चार और सवालों पर आपत्ति
(UPTET : Again Objection arises on four Questions/Answers)

इलाहाबाद। शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) की आंसरशीट तैयार करने वाले विशेषज्ञों की जानकारी पर भी सवाल उठने लगे हैं। टीईटी डी सीरिज के चार और सवालों पर आपत्ति के बाद बुधवार शाम शासन ने विशेषज्ञ कमेटी के बारे में जांच का फैसला किया है। सूत्रों की माने तो लगातार आपत्तियों के कारण खराब हो रही इमेज से परेशान शासन ने विशेषज्ञों की तरफ से तैयार सवालों की सूची और उनके विकल्पों का ब्योरा मंगाया है। जांच की जा रही है कि कहीं विशेषज्ञों और जांच एजेंसी के बीच विकल्प फीड करने में कुछ भ्रम तो नहीं हुआ, जिसके कारण इतनी बड़ी संख्या में जवाब गलत निकले। विभागीय सूत्रों की माने तो अब तक लगभग 20 सवालों के विकल्प संशोधित किए जा चुके हैं और बुधवार को चार अन्य सवालों पर आपत्तियां की गई हैं। बुधवार को अभ्यर्थियों ने डी सीरिज के जिन सवालों पर आपत्ति की है, उनके विकल्प एक नजर में समझ में आने वाले हैं। मसलन, सवाल है कि अभिभावक यदि स्कूल नहीं आते तो क्या करना चाहिए। बोर्ड ने जिस जवाब को सही माना है, वह है कि बच्चों की उपेक्षा करनी चाहिए, जबकि अभ्यर्थियों का दावा है कि विकल्प, ‘सूचना भेजनी चाहिए’, उपयुक्त है। एक अन्य सवाल है कि प्रदूषण पर रोक के लिए भारत और अन्य देशों में किसके प्रयोग पर रोक लगाई गई है। बोर्ड ने ‘कागज की थैली’ विकल्प पर नंबर दिए हैं जबकि अभ्यर्थियों का दावा है कि ‘पालीथिन की थैली’ विकल्प पर अंक मिलने चाहिए। दो अन्य बेहद साधारण सवाल हैं।
एक सवाल किंडर गार्डेन पद्धति को लेकर है। बोर्ड ने मांटेशरी विकल्प पर नंबर दिए हैं, अभ्यर्थियों का दावा है कि विकल्प फावेल सही है। चौथा सवाल जिस पर बुधवार को आपत्ति की गई, वह है कि विद्यार्थी कौन सी संधि है, बोर्ड ने गुणसंधि पर अंक दिए हैं जबकि अभ्यर्थियों के मुताबिक दीर्घ संधि पर नंबर मिलने चाहिएसवाल केवल यह नहीं कि इन सवालों के क्या विकल्प सही माने गए, ताज्जुब यह कि ए सीरिज में इन्हीं सवालों के उन विकल्पों पर अंक दिए गए जो अभ्यर्थी बता रहे हैं। अभ्यर्थियों का कहना है कि कम्प्यूटर में सीरिज के हिसाब से सवालों के जो विकल्प फीड किए गए. गड़बड़ी उसी स्तर पर हुई। सीरिज तो बदल गई लेकिन उसके अनुरूप विकल्प नहीं बदले गए। 15 अंक तक बदल सकती है मेरिटसंशोधन के बाद मेरिट 15 अंक तक बदल सकती है। जिन छात्रों ने संशोधन के लिए आवेदन किया है, उनमें से ज्यादातर पास हैं। अभ्यर्थियों का दावा है कि उनके 15 अंक तक बढ़ सकते हैं। किसी अभ्यर्थी के 98 अंक तो किसी के 102। उनके 15 अंक बढ़े तो मेरिट में खासा उलटफेर हो सकता है।
News : Amar Ujala (22.12.11)
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Thanks Mr. Anuj Pandey for news update/comments
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UPTET merit/marks again goiing to change.UP Board Experts are under question as many objections raised
on there knowledge.
Candidates are claiming upto 15  marks can be UP/DOWN with new evaluation of OMR Sheets/ Updated Answer Keys.
Some visitors suggested above mentioned details are not correct. OK whatever be it, And my advise to such visitors if they felt your are not satisfied with this news details then don't take in your notice.
Here question is - What questions are correctly checked by the compter and given marks against that question OR not. Not only related with the ANSWER KEY.
Amar Ujala is prestigeous news paper in UP and not publish any info like -
शासन ने विशेषज्ञ कमेटी के बारे में जांच का फैसला किया
बुधवार को चार अन्य सवालों पर आपत्तियां की गई
अभिभावक यदि स्कूल नहीं आते तो क्या करना चाहिए। बोर्ड ने जिस जवाब को सही माना है, वह है कि बच्चों की उपेक्षा करनी चाहिए, जबकि अभ्यर्थियों का दावा है कि विकल्प, ‘सूचना भेजनी चाहिए’, उपयुक्त है।
If Board takes this answer - बच्चों की उपेक्षा करनी चाहिए
अभ्यर्थियों का दावा - सूचना भेजनी चाहिए’

कम्प्यूटर में सीरिज के हिसाब से सवालों के जो विकल्प फीड किए गए. गड़बड़ी उसी स्तर पर हुई। सीरिज तो बदल गई लेकिन उसके अनुरूप विकल्प नहीं बदले गए।
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What answers are feeded in Computer will not know to us.Answer keys we can see but Marks given against it OR not, we don't know easily.